माइग्रेन से बचना है तो दूर रहें इन खाद्य पदार्थों से

माइग्रेन से बचना है तो दूर रहें इन खाद्य पदार्थों से 

 

हमारे द्वारा लिया जाने वाला आहार भी माइग्रेन की समस्या उत्पन्न करने में एक बड़ी भूमिका निभा सकता है. हमारे द्वारा खाई जाने वाली कई चीजें माइग्रेन के प्रकोप को बढ़ा सकती हैं. 

 

माइग्रेन रिसर्च फाउंडेशन के अनुसार, माइग्रेन की समस्या उत्पन्न करने वाले खाद्य पदार्थ ऐसा केवल तभी कर सकते हैं जब वह अपने जैसे अन्य खाद्य पदार्थों के साथ मिला कर लिए जाएँ. लेकिन यह संयोजन - और सामान्य रूप से ऐसा कोई भी खाद्य पदार्थ, प्रत्येक व्यक्ति पर अलग तरह से रूप से कार्य करता है. 

 

हालाँकि सभी लोगों में माइग्रेन उत्पन्न करने वाले खाद्य पदार्थों जैसी कोई चीज़ नहीं है, लेकिन फिर भी मोटे तौर पर कुछ ऐसी वस्तुएँ हैं जो अधिकांश लोगों में माइग्रेन की समस्या पैदा कर सकती हैं. 

 

 

1. कैफीन

बहुत अधिक कैफीन का सेवन करने से माइग्रेन का सिरदर्द हो सकता है. हालाँकि अमेरिकी माइग्रेन फाउंडेशन के अनुसार, संतुलित मात्रा में लेने पर कैफीन वास्तव में माइग्रेन के दर्द को रोकने में मदद कर सकती है. कभी-कभी लेने पर यह सिरदर्द से राहत भी दे सकती है. कैफीन के साथ इस सूची में कॉफ़ी, चाय और चॉकलेट भी शामिल हैं. 

 

2. कृत्रिम मिठास

कई प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थों में कृत्रिम मिठास का प्रयोग किया जाता है. ये चीनी के विकल्प हैं जिन्हें मिठास पैदा करने के लिए खाद्य पदार्थों और पेयों में मिलाया जाता है. लेकिन ये मिठास माइग्रेन का कारण बन सकती है. विशेष रूप से ऐस्पर्टम को माइग्रेन का दर्द पैदा करने के लिए ज़िम्मेदार माना जाता है.

 

3. शराब

शराब माइग्रेन की समस्या उत्पन्न करने के लिए सबसे ज़्यादा ज़िम्मेदार उत्पादों में से एक है. एक अध्ययन के अनुसार, माइग्रेन के शिकार 35% से अधिक प्रतिभागियों ने बताया कि शराब के सेवन के बाद उन्हें माइग्रेन का दर्द हुआ करता था. शराब को माइग्रेन की समस्या उत्पन्न करने का कारण बताने वाले लोगों में से 77% से अधिक ने विशेष रूप से रेड वाइन को अपने माइग्रेन के दर्द का कारण बताया. शराब के सेवन से शरीर में पानी की कमी हो सकती है, जो सिरदर्द की समस्या का प्रमुख कारण है. 

 

5. एमएसजी युक्त खाद्य पदार्थ

मोनोसोडियम ग्लूटामेट (एमएसजी) ग्लूटामिक एसिड का एक सोडियम लवण है, जो हमारे शरीर में स्वाभाविक रूप से मौजूद होता है.

 

एमएसजी का उपयोग बहुत से खाद्य पदार्थों को बनाने में किया जाता है, और कई खाद्य पदार्थों में एक खाद्य योज्य के रूप में भी मौजूद होता है. हालाँकि सामान्यतया इसे खाना सुरक्षित माना जाता है, लेकिन बहुत से शोधकर्ता मानते हैं कि यह माइग्रेन की समस्या को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. अमेरिकन माइग्रेन फाउंडेशन का मानना है कि यह माइग्रेन से पीड़ित 10 से 15 प्रतिशत लोगों में गंभीर स्थिति उत्पन्न कर सकता है.